चित्तौड़गढ। राजस्थान की मादक पदार्थ विरोधी कार्यबल (एएनटीएफ) ने "ऑपरेशन मारामन" के तहत चित्तौड़गढ़ के जोगणिया माता क्षेत्र से 25,000 रुपये के इनामी फरार तस्कर निम्बाराम उर्फ निमाराम (पुत्र किशनाराम, जाट, निवासी पश्चिमी ढाणी जाटावास, थाना लाहावट, जिला फलौदी) को गिरफ्तार किया है। यह एएनटीएफ की 100वीं इनामी गिरफ्तारी है। एएनटीएफ 7 अक्टूबर को अपने गठन के एक वर्ष पूरे करने जा रही है।
एटीएफ के महानिरीक्षक पुलिस विकास कुमार ने बताया कि निम्बाराम करीब तीन साल से फरार था और चित्तौड़गढ़ पुलिस अधीक्षक ने उस पर 25 हजार रुपये का इनाम घोषित कर रखा था। उस पर 2017 से 2026 के बीच विभिन्न थानों में एनडीपीएस, आर्म्स एक्ट, आबकारी अधिनियम, आईपीसी/बीएनएस की गंभीर धाराओं में 26 मामले दर्ज हैं।
ऐसे पकड़ा गया
एएनटीएफ को सूचना मिली कि निम्बाराम जोगणिया माता क्षेत्र के एक रिसॉर्ट में मध्यप्रदेश से भारी मात्रा में डोडा-पोस्त मंगवाने की योजना पर साथियों के साथ बैठक करने वाला है। टीम ने रिसॉर्ट को घेरा तो सफेद बोलेरो में टीम को आते देख निम्बाराम दीवार फांदकर खेतों की ओर भागा। टीम ने 1-2 किलोमीटर तक पीछा किया। वह जोगणिया माता मंदिर के चौक में गवरी नृत्य की भीड़ में छिप गया, लेकिन टीम ने उसे ढूंढकर घेराबंदी कर दबोच लिया।
आपराधिक पृष्ठभूमि
आईजी के अनुसार निम्बाराम कक्षा 8 के बाद पढ़ाई छोड़कर ट्रक चलाने और मजदूरी करने लगा। जोधपुर के तस्करों के संपर्क में आकर वह तस्करी में उतरा। लड़ाई-झगड़े के मामले में जेल जाने के बाद वहां अन्य तस्करों से संपर्क बढ़ा और जमानत पर आने के बाद अपना नेटवर्क खड़ा कर लिया। 2024 में चित्तौड़गढ़ के पारसोली थाना क्षेत्र में पुलिस नाकाबंदी के दौरान वह फॉर्च्यूनर गाड़ी छोड़कर जंगल में भाग गया था। फरारी के दौरान भी वह तस्करी करता रहा।
आमजन से अपील
एएनटीएफ ने आमजन से तस्करों की सूचना नियंत्रण कक्ष नंबर 0141-2502877 या वॉट्सएप नंबर 9261225056 पर देने की अपील की है। सूचना देने वाले की गोपनीयता रखी जाएगी। कार्रवाई करने वाली टीम को एएनटीएफ मुख्यालय में सम्मानित किया जाएगा।