नई दिल्ली। फ्लाईदुबई की इजरायल जा रही फ्लाइट FZ1073 में उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब ओमानी मूल के को-पायलट ने कॉकपिट में भारतीय कैप्टन स्मित मछार पर हमला कर दिया। संयुक्त अरब अमीरात (UAE) के अभियोजक जनरल के मुताबिक, हमले के लिए विमान के कॉकपिट में रखी क्रैश-एक्स यानी इमरजेंसी कुल्हाड़ी का इस्तेमाल किया गया और आरोपी ने विमान का नियंत्रण अपने हाथ में लेने की कोशिश की।
अचानक किया हमला, विमान तेजी से नीचे आया
रिपोर्टों के अनुसार, घटना के दौरान विमान की ऊंचाई में बेहद तेज गिरावट दर्ज की गई। फ्लाइट-ट्रैकिंग डेटा के मुताबिक विमान करीब 30 सेकंड में लगभग 16,625 फीट नीचे आ गया। स्थिति गंभीर होने पर यात्रियों और क्रू के कुछ सदस्यों ने कॉकपिट में पहुंचकर को-पायलट को काबू किया। इसके बाद विमान की सुरक्षित लैंडिंग कराई गई।
विमान में 182 लोग सवार थे। हादसे के बाद फ्लाइट को सऊदी अरब के तबूक में इमरजेंसी लैंड कराया गया। कैप्टन स्मित मछार हमले में गंभीर रूप से घायल हुए, लेकिन उन्होंने कॉकपिट का दरवाजा खोलने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई, जिससे अन्य क्रू सदस्य और यात्री अंदर पहुंच सके।
कौन था हमला करने वाला को-पायलट?
जांच से जुड़ी रिपोर्टों के अनुसार आरोपी की पहचान हमाम अल-हमामी के रूप में हुई है, जो ओमान का नागरिक है। UAE इस पूरे मामले की जांच का नेतृत्व कर रहा है। अधिकारियों ने घटना को 'आतंकी हमला' करने की कोशिश के रूप में वर्णित किया है, लेकिन हमले के पीछे की पूरी मंशा और किसी अन्य व्यक्ति या संगठन की भूमिका को लेकर जांच अभी जारी है।
प्लेन में कुल्हाड़ी क्यों रखी जाती है?
जिस कुल्हाड़ी का इस्तेमाल हमले में हुआ, वह कोई सामान्य हथियार नहीं बल्कि विमान का क्रैश-एक्स/इमरजेंसी उपकरण है। वाणिज्यिक विमानों में इसे आपात स्थिति के लिए रखा जाता है।
इसके प्रमुख इस्तेमाल हैं:
क्रैश के बाद बाहर निकलने का रास्ता बनाने के लिए किसी खिड़की या हिस्से को तोड़ना।
आग या अन्य आपात स्थिति में किसी पैनल/कवर को खोलना, ताकि क्रू राहत और बचाव की कार्रवाई कर सके।
विमान के किसी हिस्से तक इमरजेंसी एक्सेस बनाने के लिए इसका इस्तेमाल किया जा सकता है।
यह उपकरण कॉकपिट में ऐसी जगह रखा जाता है जहां जरूरत पड़ने पर पायलट इसे आसानी से हासिल कर सकें।
पहले चाकू से हमले की बात सामने आई थी
घटना के शुरुआती विवरणों में कैप्टन पर चाकू से हमला किए जाने की जानकारी सामने आई थी। बाद में UAE की जांच के आधार पर स्पष्ट किया गया कि हमले में कॉकपिट की क्रैश-एक्स का इस्तेमाल किया गया था। UAE अभियोजक जनरल ने शनिवार को इसकी पुष्टि करते हुए घटना को विमान पर नियंत्रण हासिल करने की कोशिश से जोड़ा।
फिलहाल जांच एजेंसियां हमले के पीछे की मंशा, आरोपी की पृष्ठभूमि और इस घटना में किसी अन्य व्यक्ति या संगठन की संभावित भूमिका की जांच कर रही हैं।
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